अयोध्या मामला: हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले से संतुष्ट नहीं- जफरयाब जिलानी

PATNA: देश में इस समय सबसे ज्यादा चर्चा अयोध्या केस को लेकर हो रही है। देश की सर्वोच्च न्यायालय आज इस केस का फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने फैसले में कहा है कि रामलला का दावा बरकरार। 3 महीने के अंदर ट्रस्ट बनाने का आदेश दिया गया है। वहीँ इस फैसले पर मुस्लिम पक्षकार के वकील जफरयाब जिलानी की पहली प्रतिक्रया सामने आई है।

मुस्लिम पक्ष की ओर से वकील जफरयाब जिलानी ने कहा कि हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले से संतुष्ट नहीं हैं।अयोध्या मामले का फैसला विरोधाभासी है। हम पुनर्विचार की मांग करेंगे। इसी के साथ ही उन्होंने आगे कहा कि कोर्ट के पूरे फैसले को पढ़ने के बाद रणनीति बनाएँगे। मुस्लिम पक्ष (सुन्नी वक्फ बोर्ड) को 5 एकड़ जमीन कहीं और देने की बात कही गई है। केंद्र सरकार राम मंदिर और ट्रस्ट बनाने के लिए नियम तैयार करेगी। कोर्ट ने कहा कि पक्षकार गोपाल विशारद को पूजा का अधिकार है।

फैसला आने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनता से शांति बनाने की अपील की थी। उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट का जो भी फैसला आएगा, वो किसी की हार-जीत नहीं होगा। देशवासियों से मेरी अपील है कि हम सब की यह प्राथमिकता रहे कि ये फैसला भारत की शांति, एकता और सद्भावना की महान परंपरा को और बल दे।