बिहार में बाढ़ के बाद अब सूखे की आशंका बढ़ी, 38 में से 28 जिलों में हुई सामान्य से कम बारिश

PATNA : बिहार में इस बार बा’ढ़ के बाद अब सू’खे की आशंका बढ़ गई है। एक जून से अबतक राज्य के 38 में से 28 जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज हुई है। सीएम नीतीश कुमार ने अधिकारियों के साथ सूखे के मुद्दे पर बैठक की। मुख्यमंत्री ने कहा कि दक्षिण बिहार में सूखे की स्थिति बन रही है। ऐसे में हमें पहले से सचेत रहना होगा।

बिहार में पारिस्थितिक विषमता बहुत अधिक देखने को मिल रही है। अब तक बिहार के लगभग 12 जिले बाढ़ से प्रभावित थे, तो 12 जिले सूखे की समस्या से ग्रसित है। आपको बता दें कि बाढ़ प्रभावित जिलों में सीतामढ़ी, दरभंगा, पूर्वी चंपारण, अररिया, सुपौल, मधुबनी, शिवहर, किशनगंज, मुजफ्फरपुर, सहरसा, कटिहार, मोतिहारी, पूर्णिया शामिल है। वहीं सूखे के चपेट में रोहतास, अरवल, गया, जहानाबाद जैसे जिले हैं।

सूखे से प्रभावित हैं कई जिले-

अभी बिहार के सभी 38 जिलों में से 12 जिलों में औसत से 43% बारिश कम हुई है। पटना में मानसून सीजन के चार महीने (जून- सितंबर) के पहले महीने में 68 % कम बारिश हुई है। देखा जाए तो 13 जिलों में काफी काम बारिश हुई है (20-59%) और 12 ज़िलों में बारिश न होने से सुखाड़ की स्थिति उत्पन्न हो गयी है, जहां की बारिश 60 % से भी कम हुई है। 1 जून से 26 जून तक बेगूसराय और शेखपुरा में सामान्य बारिश की तुलना में 91% कम बारिश हुई है।

नीतीश कुमार ने कहा है कि जैसे बाढ़ पीड़ितों की तरह सूखा पीड़ितों की भी सहायता की जाएगी। समीक्षा के दौरान सीएम ने सभी डीएम को सूखे की स्थिति का पंचायतवार आकलन कराने का टास्क सौंपा है।