तीन तलाक, जम्मू-कश्मीर के सर्वनाश के बाद अब RSS ने ध्यान आरक्षण की ओर कर लिया-दीपंकर भट्टाचार्य

PATNA: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत के आरक्षण संबंधी बयान को लेकर बिहार की सियासत गरमा गई है। विपक्षी दलों द्वारा मोहन भागवत के बयान को लेकर बीजेपी और आरएसएस पर जमकर हमला बोला जा रहा है। इस बार सीपीआई माले के राष्ट्रीय महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने निशाना साधा है।

दीपंकर भट्टाचार्य ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि सबसे पहले ट्रिपल तलाक के अपराधीकरण और उसके बाद आर्टिकल 370 के निरस्तीरकण के साथ जम्मू-कश्मीर में सर्वनाश के बाद राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ ने अब अपना ध्यान आरक्षण की ओर मोड़ लिया है। दीपांकर ने कहा कि पहले आरक्षण को लेकर कोड शब्द आरक्षण की समीक्षा थी। अब नया कोड शब्द बातचीत है।

LIVE BIHAR

दीपांकर ने आगे कहा कि संघ आरक्षण पर चर्चा करके इसको समाप्त करने की चाल चल रहा है। उन्होंने कहा कि आरक्षण के खिलाफ RSS-BJP द्वारा आरक्षण को लेकर जो बात कही गई है उसका जवाब उन्हें जरूर मिलेगा।

वहीँ बिहार के डिप्टी सीएम Sushil Modi ने मोहन भागवत के बयान को लेकर कहा है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और भाजपा ने बार-बार स्पष्ट किया है कि रिजर्वेशन कभी समाप्त नहीं होगा, फिर भी लोगों को भड़काने के लिए संघ-प्रमुख मोहन भागवत के वक्तव्य को तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है।

इसी के साथ ही Sushil Modi ने अपने एक अन्य ट्वीट में लिखा है कि एनडीए सरकार ने बिहार में पहली बार दलितों-पिछड़ों और महिलाओं को पंचायत चुनाव में रिजर्वेशन दिया। केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने पहली पारी में सामान्य वर्ग के गरीबों को 10 फीसद रिजर्वेशन दिया और दूसरी पारी में सीमा पर रहने वालों को भी रिजर्वेशन देने के लिए बिल पास कराया। धारा-370 निष्प्रभावी होने से रिजर्वेशन का लाभ जम्मू-कश्मीर के लोगों को भी मिलने लगेगा।