स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन करेंगे मुजफ्फरपुर का दौरा,चमकी बुखार की कहर से कराहते मरीजों से मिलेंगे

PATNA: चमकी बुखार की कहर से कराह रहे बच्चों को देखने के लिए कल भारत के स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन मुजफ्फरपुर पहुंचने वाले हैं। इसके अलावा स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे और केन्द्रीय स्वास्थ्य सचिव प्रीति सुदान भी मुजफ्फरपुर का दौरा करेंगे।

मुजफ्फरपुर के एसकेएमसीएच हॉस्पीटल से 36 और केजरीवाल हॉस्पीटल से 7 बच्चों की मौत चमकी बुखार के कारण हो चुकी है। मौत का यह सिलसिला रुकने का नाम ही नहीं ले रहा है। आपको बता दें कि बक्सर के सांसद अश्विनी चौबे ने बेतुका बयान देते हुए कहा कि अधिकारी चुनावी कार्य में व्यस्त थे, इसलिए जागरुकता कार्यक्रम नहीं चलाया जा सका।

एक बेड पर तीन-तीन मरीजों का इलाज करना पड़ रहा है-

चमकी बुखार के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिसके कारण एक बेड पर तीन-तीन मरीजों का इलाज करना पड़ रहा है। हॉस्पीटल में डॉक्टर और व्यवस्था की कमी है, जिसके कारण शासन-व्यवस्था पर सवाल उठने लगी है।

इसीपर कांग्रेस नेता प्रेमचंद्र मिश्रा ने नीतीश कुमार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा है कि आखिरकार नीतीश सरकार इस बड़ी समस्या पर कर क्या रही है? नीतीश कुमार अपने आपको संवेदनशील मुख्यमंत्री कहते हैं फिर भी इतनी बड़ी घटना में अभी तक कोई बड़ा एक्शन नहीं लिए हैं। अगर मुजफ्फरपुर में प्रत्येक वर्ष इस बीमारी के चलते बच्चों की मौ’त होती है तो क्या सरकार इसे त्योहार के रूप में मानती है। ये त्योहार है और हर साल आना है। इस बीमारी के रोकथाम के उपाय अबतक क्यों नहीं हुए हैं। ये नीतीश सरकार की विफलता है। हालांकि स्वास्थ्य सचिव ने कहा है कि सही ढ़ग से काम नहीं करने वालों के खिलाफ कार्रवाही होगी।

कुल 12 जिलों में चमकी बुखार का कहर छाया हुआ है। बताया जा रहा है कि 12 जिलों के 222 स्वास्थ्य केन्द्रों पर इसके इलाज के लिए उचित व्यवस्था की गयी है। गौरतलब है कि मुजफ्फरपुर से सबसे ज्यादा मौत की खबर आयी है, लेकिन कुल 12 जिलों में चमकी बुखार के मरीज देखने को मिल रहा है। जांच के लिए भारत सरकार की सात सदस्यीय एक टीम बिहार पहुंच चुकी है।