PM मोदी का फैसला-बिना कुछ गिरवी रखे गरीबों को मिलेगा 20 लाख का लोन

पटना : सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में महिला स्वयं सहयक समूहों को 20 लाख रुपए तक का कोलैटरल फ्री लोन देने की योजना बना रही है। सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में इंटरप्रिन्योरशिप और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ऐसा करने की योजना बना रही है। इस साल नेशनल रूरल लाइवलीहुड मिशन (NRLM) के तहत नॉन परफॉर्मिंग असेट्स सिर्फ 2 फीसदी रहने के कारण ग्रामीण विकास मंत्रालय ने इस प्रस्ताव पर गौर करना शुरू कर दिया है। पांच साल पहले इस योजना के तहत नॉन परफॉर्मिंग असेट 7 फीसदी रहे थे।

इकोनॉमिक टाइम्स की खबर के मुताबिक, एक सरकारी अधिकारी ने बताया कि हमें क्रेडिट बढ़ाने की जरूरत है। अगर सोशल कैपिटल मजूबत रहेगा तो हम उम्मीद कर सकते हैं कि अर्थव्यवस्था भी मजबूत रहेगी। अधिकारी के मुताबिक, एनआरएलएम के तहत पैसों की रिकवरी करने का मैकेनिज्म और माइक्रो-क्रेडिट प्लान का विवरण मिलने के बाद ही लोन प्रदान करने के चलते एनपीए बड़ी मात्रा में कम हुए हैं। इसके चलते सरकार को यह भरोसा हुआ है कि बिना कोई सामान गिरवी रखे महिलाओं को लोन दिया जा सकता है।

2013-14 में इस योजना के तहत 23,316.34 करोड़ रुपए का लोन दिया गया। 2018-19 में यह राशि तीन गुना बढ़कर 66,925.46 करोड़ रुपए हो गई। वित्त वर्ष 2019-20 में इस राशि के 95,000 करोड़ रुपए हो जाने की उम्मीद है। लोन की राशि बढ़ने के साथ 2018-19 में एनपीए घटकर 1,697.46 रुपए रह गया। यह कुल आउटस्टैंडिंग अमाउंट का सिर्फ 2 फीसदी है। 2013-14 में एनपीए 2,932.67 करोड़ रुपए था, जो कुल आउटस्टैंडिग अमाउंट का 6.83 फीसदी था।