स्वच्छता के मामले में मधुबनी रेलवे स्टेशन पर बनी फिल्म को मिलेगा राष्ट्रीय पुरस्कार

PATNA : स्वच्छता के मामले में देश की दूसरी सबसे ज़्यादा साफ स्टेशन मधुबनी है। इस पर बनी फिल्म को राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चुना गया है। इस पर रेल मंत्री पीयूष गोयल ने ट्वीट करके बधाई दी है। इस फिल्म का नाम ‘मधुबनी: द स्टेशन ऑफ कलर्स’ है। ये फिल्म जुलाई 2018 में समस्तीपुर रेल मंडल के तत्कालीन डीआरएम आरके जैन की पहल पर बनी थी।

पूरे स्टेशन परिसर में मिथिला पेंटिंग के बाद सुलभ इंटरनेशनल के संस्थापक डॉ. विंदेश्वर पाठक के सहयोग से इस शार्ट डॉक्यूमेंटरी फिल्म को बनाया गया था। आपको बता दें कि राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार के लिए 45 दिनों तक स्क्रीनिंग चली थी। इसमें 419 फिल्मों की स्क्रीनिंग हुई। इसमें मधुबनी रेलवे स्टेशन पर बनी इस फिल्म का चयन गैर फीचर फिल्म के श्रेणी में किया गया है। इस फिल्म में स्टेशन की साफ-सफाई और सजावट को दिखाया गया है।

इस फिल्म से जुड़ी एक दिलचस्प बड़ी बात यह है कि मधुबनी रेलवे स्टेशन पर स्थानीय कलाकारों द्वारा किए गए मिथिला पेंटिंग को दर्शाया गया है।करीब दस दिनों तक इस लधु फिल्म पर काम चला था। दिल्ली, मुंबई आदि जगहों से बड़ी संख्या में कलाकार पहुंचे थे। शूटिंग देखने के लिए दिनभर लोगों की भीड़ लगी रहती थी। इधर, मधुबनी रेलवे स्टेशन पर बनी फिल्म को पुरस्कार मिलने पर डीएम शीर्षत कपिल अशोक ने कहा कि यह मधुबनी के कलाकारों का सम्मान है। उनकी पूरी टीम का अभिनन्दन करता हूं। कलाकारों का कहना है कि स्टेशन का सम्मान हुआ लेकिन इस स्टेशन को सजाने और सवांरने में सबसे ज़्यादा मेहनत जिन मज़दूरों ने की, उन्हें कोई सम्मान नहीं मिला। इसका हमे अफ़सोस है।