दिल्ली सरकार का बड़ा फैसला-अब बिहारी भाषा मैथली पढ़ाई जायेगी दिल्ली के स्कूलों में

PATNA: दिल्ली के शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने घोषणा की है कि अब दिल्ली के स्कूलों में भी बिहार की भाषा मैथली पढ़ाई जायेगी। दिल्ली सरकार के इस फैसले से बिहार के नेताओं और यहां के लोगों में काफी उत्साह है। गौरतलब है कि मैथली भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में स्थान दिया गया और इसके संवर्धन और संरक्षण के भारत सरकार भी प्रयासरत है।

मनीष सिसोदिया

मनीष सिसोदिया ने कहा कि अगर दिल्ली का कोई भी विद्यार्थी वैकल्पिक भाषा के रुप में मैथली लेकर यूपीएससी की परीक्षा देता है तो उसके लिए दिल्ली सरकार विशेष तरीकों से पढ़ाई की सुविधा उपलब्ध करायेगी। इसके लिए जल्द ही कार्यक्रम आयोजित की जायेगी। इतना ही नहीं, मनीष सिसोदिया ने यह भी घोषणा की है कि जो व्यक्ति भोजपुरी और मैथली भाषाओं में अपना विशेष योगदान दिया है, उन्हें दिल्ली सरकार के द्वारा सम्मानित भी किया जायेगा। यह भी बताया जा रहा है कि प्रति वर्ष नंवबर के पहले और दूसरे सप्ताह में भोजपुरी और मैथली भाषा का उत्सव मनाया जायेगा।

भोजपुरी को संविधान की आठवी अनुसूची में शामिल कराने के लिए दिल्ली सरकार करेगी प्रयास

दिल्ली सरकार भोजपुरी भाषा को संविधान की आठवीं सूची में शामिल करवाने के लिए केंद्र सरकार को पत्र लिखेगी। मनीष सिसोदिया का कहना है कि अभी भोजपुरी संविधान की आठवी अनुसूची में शामिल नहीं है। अगर भोजपुरी संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल हो जाती है तो दिल्ली सरकार, इसे अपने स्कूल के पाठ्यक्रमों में शामिल करेगी।

राष्ट्रीय जनता दल के राज्यसभा सांसद मनोज कुमार झा ने कहा कि मैथली को दिल्ली के पाठ्यक्रम में शामिल किया जाना, बेहद स्वागत योग्य कदम है। उन्होंने यह भी कहा कि भारत विविधताओं में एकता वाला देश है और इस कॉन्सेप्ट को गहरा करने के लिए भाषायी एकता जरुरी है। इसके सभी क्षेत्र के लोगों को एक-दूसरे की भाषा जानना और पढ़ना चाहिए।