बिहार मानसून सत्र का आज 11वां दिन,जलजमाव के मुद्दे पर राजद लायेगा कार्यस्थगन प्रस्ताव

PATNA: बिहार विधानसभा के मानसून सत्र का आज 11वां दिन है। सदन में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सहित पक्ष-विपक्ष के तमाम नेता मौजूद हैं। विपक्ष ने सदन के अंदर और बाहर हंगा’मा शुरु कर दिया है। राज्य में जल-जमाव की समस्या पर राष्ट्रीय जनता दल कार्यस्थगन प्रस्ताव लायेगा।

आपको बता दें कि पिछले कई दिनों से मूसलाधार बारिश के कारण सड़के झील बन गयी। इतना ही नहीं, कई लोगों की जल-जमाव के कारण जान चली गयी है। इतना ही नहीं, लोग पानी के बीच अपनी जिन्दगी बिताने पर मजबूर हैं। मूसलाधार बारिश के कारण जल-जमाव होने का मुख्य कारण यह है कि राज्य में जल-निकासी के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। राज्य में कहीं सूखा तो कहीं बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गयी है।

राज्य में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न

सीतामढ़ी में मूसलाधार बारिश के कारण जर्जर घर की छत गिरी, जिससे एक महिला और दो बच्चों की मौ’त भी हो गयी है। मोतिहारी के सदर अस्पताल में 4 फीट की ऊंचाई तक पानी भर गया। इतना ही नहीं, गांव के लगभग घरों, जिला के स्कूलों और यूनिवर्सिटी में पानी के कारण बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गयी है। मोतिहारी में पानी से उत्पन्न बाढ़ जैसी स्थिति से निपटने के लिए स्कूल-कॉलेज में धारा 144 लागू कर दिया गया।

लगातार बढ़ रहा है नदियों का जल-स्तर

उत्तर बिहार व सीमावर्ती नेपाल की नदियों के जलग्रहण क्षेत्र में पिछले पांच दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। कई नदियां उफान पर हैं। इसीको देखते हुए मौसम विभाग ने बिहार में भारी बारिश और बाढ़ की चेतावनी जारी की है। जल संसाधन विभाग के अनुसार पटना में गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी दर्ज हो रही है। शिवहर में बागमती खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। इनके अलावा गंडक व सोन नदी में भी पानी का उफान ज्यादा दिख रहा है। इस तरह लगातार जल-स्तर बढ़ रहा है, जिससे पूरे राज्य में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो सकती है इसलिए विपक्ष सरकार का ध्यान इस ओर खीचने के लिए कार्यस्थगन प्रस्ताव लेकर आयेगी