कोसी ने मचाई तबाही, लाखों की आबादी को छोड़ना पड़ रहा अपना आशियाना

PATNA: बिहार में बाढ़ का कहर लगातार बढ़ता ही जा रहा है। राज्य के 8 जिले बाढ़ से प्रभावित हैं। वहीं 12 लाख से ज्यादा की जनसंख्या बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में है। बाढ़ को देखते हुए नीतीश सरकार भी अब एक्शन में आ गई है। बारिश के चलते कोसी नदी ने अभी से अपना रूप दिखाना शुरू कर दिया है।

कोसी ने सहरसा के नवहट्टा प्रखंड के तटबंध के अंदर बसे कई गांव को अपने आगोश में ले लिया है। दर्जनों गांव बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। वहीं बाढ़ की इस स्थिति के चलते लोगों को बड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीँ ग्रामीण लोगों की देखरेख के लिए सरकार का कोई मंत्री और प्रशासन कोई सुध ले रहा है। लोगों को बाढ़ के डर के चलते अपने-अपने घरों को भी छोड़कर जाना पड़ रहा है।

बता दें बारिश के चलते कोसी नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता ही जा रहा है। जिससे आस-पास के लोगों डर का माहौल पैदा हो गया है। पिछले वर्षों की भांति ही इस वर्ष भी जुलाई के महीने में ही कोसी का जलस्तर एक बार फिर से उफान पर है। गुरुवार की सुबह से 8 बजे से कोसी के जलस्तर में लगातार वृद्धि हो रही है। वहीं कोसी महासेतू के नजदीक नौबाखर के पास लोगों के श्रमदान से बनाया बांध टूट गया है।

इतना ही नहीं लगातार बारिश से पड़ोसी देश नेपाल से निकलने वाली बहुत से नदियों में भी जलस्तर काफी बढ़ गया है। जिसके चलते अररिया जिले के 4 प्रखंड बाढ़ से प्रभावित हो गए हैं। इसी के साथ ही पलासी, फारबिसगंज में बाढ़ की आशंका है। वहीं जोकीहाट प्रखंड में बकरा नदी में उफान पर है। किशनगंज रुट के बंद होने का खतरा है।