सरकार का बड़ा फैसला, अब बच्चों को मध्याह्न भोजन के साथ दिया जाएगा दूध

PATNA: सरकार ने शिक्षा के स्तर को सुधारने को लेकर कई अहम् फैसले लिए हैं। वहीँ इस बार सरकार ने बच्चों की सेहत के लिए बड़ा फैसला लिया है। अब राज्य के सभी बच्चों को मध्याह्न भोजन में दूध दिया जायेगा।

सरकार ने इस योजना के लिए पायलट प्रोजेक्ट के रूप में पहले चरण में आठ जिलों के 14,812 स्कूलों को चुना है। जिसके चलते इन जिलों के 24 लाख बच्चों को लाभ मिलेगा। इनमें से 2 जिले वैशाली और समस्तीपुर में अगस्त महीने के अंत तक दूध परोसना शुरू कर दिया जायेगा। वहीँ पूर्वी चंपारण, नालंदा, बक्सर, सुपौल, बेगूसराय और शिवहर में इस योजना को सितम्बर महीने में शुरू किया जाएगा।

सरकार की स्वीकृत योजना के अंतर्गत सप्ताह में एक दिन प्रत्येक बच्चे को दूध मुहैया कराया जाएगा। इस पर होने वाला खर्च केंद्र सरकार वहन करेगी। इसके लिए केंद्र ने बजटीय स्वीकृति दे दी है। वहीँ योजना से जुड़ी जानकारी की जल्द ही औपचारिक घोषणा की जायेगी।

पहले चरण में आठ जिलों के 24 लाख बच्चे इस योजना से लाभान्वित होंगे। इन आठ जिलों में बक्सर, समस्तीपुर, नालंदा, सुपौल, बेगूसराय, पूर्वी चंपारण, वैशाली, शिवहर का नाम शामिल है। अगस्त के अंत तक वैशाली और समस्तीपुर जिले के एमडीएम में दूध मिलने लगेगा। जिसे अगले महीने 6 अन्य जिलों में भी शुरू किया जायेगा। बच्चों को समुचित पोषण देने के लिए यह निर्णय किया गया है।

सरकार की इस योजना के लिए सुधा (कम्फेड) डेयरी मिल्क पाउडर की आपूर्ति करेगी। इसके लिए एमडीएम प्रोजेक्ट प्रबंधन से उसकी बातचीत अपने अंतिम स्तर पर है। प्रति छात्र 18 ग्राम मिल्क पाउडर उपलब्ध करवाया जायेगा, जिसे घोल कर एक गिलास गाढ़ा दूध बच्चों को दिया जाएगा। जिसकी कीमत 5.40 रुपए बताई गई है।