नीतीश सरकार का बड़ा फैसला, अगर मां-बाप की सेवा नहीं करेंगे तो जाना पड़ेगा जे’ल

PATNA: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में आज बिहार कैबिनेट की बैठक हुई। इस बैठक में कई अहम फैसलों पर मुहर लगायी गयी। नीतीश सरकार ने निर्णय लिया है कि अगर कोई व्यक्ति अपनी माता-पिता की सेवा नहीं करता है, तो उसपर के’स चलाया जा सकता है। यहां तक की उसे जे’ल भी जाना पड़ सकता है। कहने का मतलब है कि बिहार में माता-पिता की सेवा करना अनिवार्य हो जायेगा, जो बहुत ही अच्छा कदम है।

पुलवामा आं’तकी ह’मले में शहीद जवानों के परिवार को सरकारी नौकरी-

Pulwama Ter’ror At’tack

इसके अलावा चुनाव से पहले पुलवामा आं’तकी हमले में बिहार से शहीद जवान के परिवार वालों को राज्य सरकार नौकरी देने का भी फैसला किया है। आपको बता दें कि पुलवामा आंत’की ह’मले में बिहार के भागलपुर जिले से रत्न कुमार ठाकुर, मसौढ़ी से संजय सिन्हा और बेगूसराय जिले से पिंटू कुमार सिंह शहीद हो गये थे। अब इनके परिवार वालों को राज्य सरकार किसी विभाग में सरकारी नौकरी देगी ताकि इनपर आश्रित व्यक्तियों का पालन-पोषण हो सके।

इतना ही नहीं, वृद्धा पेंशन योजना को अब राइट टू सर्विस ऐक्ट में शामिल किया जायेगा।  इसके अलावा किसानों के हितों की रक्षा और गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराने के लिए 76.56 करोड़ रुपये खर्च किया जायेगा। भागलपुर से होकर बहने वाली गंगा नदी पर विक्रमशिला सेतु पुल के समानांतर एक अन्य नया पुल का निर्माण किया जायेगा। सुपौल में हाइड्रो पावर का प्लांट और डागमरा जल विद्युत परियोजना का विस्तार किया जायेगा।

आपको बता दें कि आज ही बिहार कैबिनेट के फैसले से पहले नीतीश कुमार ने पटना के IGIMS हॉस्पीटल में 500 बेडों का नया बिल्डिंग बनाने के लिए एक परियोजना का शिलान्यास किया। इसके कारण बिहार के हजारों मरीजों को फायदा होगा, उन्हें राज्य छोड़कर कहीं इलाज कराने के लिए जाना नहीं पड़ेगा। इसके शिलान्यास के दौरान नीतीश ने कहा कि जिस तरह पूरे देश में AIIMS का नाम और स्तर है, उसी तरह बिहार में IGIMS का नाम और स्तर होगा।