बिहार में ODF हुआ पर्दा’फाश, ग्रामीण विकास मंत्री ने दिया जांच का आश्वासन

PATNA: बिहार में अब तक 13 जिले शौच से मुक्त घोषित हुए लेकिन आज ही इसमें घोटा’ले का मामला सामने आया है। दूर्भा’ग्य है कि आज ही शौच के लिए बेगूसराय जिले के बछवाड़ा प्रखंड के एक 8 वर्षीय लड़के को करंट लगने के कारण घटना-स्थल पर ही मौ’त हो गयी। आपको बता दें कि बिहार में सीतामढ़ी को सबसे पहला ODF जिला घोषित किया गया था।

ODF
ग्रामीण विकास मंत्री ने जांच का दिया आश्वासन-

अभी तक सिर्फ 13 जिले ही खुले में शौच से मुक्त हुआ है। इतना ही नहीं, न्यूज 18 ने खुलासा किया है कि बिहार में शौचालय का निर्माण सिर्फ कागजों पर हुआ है और जमीनी हकीकत कुछ और है। इसके बाद से विपक्ष लगातार सत्ताधारी पार्टियों पर ह’मलावर है। विपक्ष का कहना है कि वे कल इस मुद्दे को बिहार विधानसभा में चल रहे मानसून सत्र में उठायेंगे। इसके बाद ग्रामीण विकास मंत्री ने कहा कि इस मामले की जांच होगी और जो भी दो’षी होगा, उस पर कड़ी-से-कड़ी कार्र’वाही की जायेगी।

आपको बता दें कि सीतामढ़ी के DM रंजीत सिंह ने दावा किया है कि वे एक दिन में लगभग 1 लाख गड्ढे खुदवाए। इतना ही नहीं, सिर्फ एक सप्ताह में 70 हजार शौचालय बनाया गया है और पूरे जिले को सिर्फ 75 दिनों में ही ODF घोषित कर दिया गया। हालांकि अब इनके दावे पर भी कई तरह के सवाल उठने लगा है।

गौरतलब है कि खुले में शौच से मुक्त भारत बनाने का सपना काफी लंबे समय से सरकार देख रही है लेकिन इसके बावजूद जमीनी हकीकत सामने आने के बाद असलीयत दिख जाती है। कुछ लोगों को शौचालय बनाने के लिए पैसा ही नहीं मिलता है तो कुछ लोग उस पैसा का उपयोग किसी और काम में कर लेते हैं। इतना ही नहीं, जो लोग शौचालय बना भी लेते हैं, वे लोग भी शौचालय का प्रयोग नहीं करते हैं क्योंकि सरकार उनकी मानसिकता को बदलने में कामयाब नहीं हुई है।