पटना में पांच दिन में मिले 384 मरीज, आंकड़ा पहुंचा 1200 के पार

PATNA: राजधानी पटना में बारिश के बाद डेंगू का कहर देखने को मिल रहा है। जिसेक चलते लोगों में डर का माहौल है। वहीं प्रशासन भी डेंगू को लेकर एक्शन में आ गया है। अगर बात पटना की करें तो बीते पांच दिनों में डेंगू के 300 से अधिक मरीजों की पुष्टि हुई है।

बारिश के बाद से शहर में जलजमाव के चलते महामारी जैसे हालात पैदा हो गए हैं। पांच दिनों में पटना से ही डेंगू के 384 मरीजों की पुष्टि हुई है। पटना में जलजमाव के बाद अब महामारी का खतरा गहराता दिख रहा है। यहां पांच दिनों में डेंगू के 384 पॅजिटिव मामले मिले हैं। बात करें तो मई से अभी तक पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्‍पताल में ही डेंगू के लगभग 1200 मामले मिल चुके हैं।

डेंगू एडीज मच्छरों के काटने से होता है, इस रोग में तेज बुखार के साथ शरीर पर लाल-लाल चकत्ते दिखायी देते हैं। इसमें मरीज को 104 डिग्री तेज बुखार आता है और सिर में तेज दर्द होता है। शरीर के साथ जोड़ों में भी दर्द होता है। इसी के साथ ही खाना पचाने में दिक्कत होती है।

डेंगू शुरुआती लक्षणों में उल्टी होना, भूख कम लगना और ब्लड प्रेशर कम होना अन्य लक्षण हैं। इसी के साथ ही कमजोरी महसूस होना, चक्कर आना और बॉडी में प्लेटलेट्स की कमी हो जाना खास लक्षण हैं। डेंगू से बचने के लिए मरीज को अधिक से अधिक मात्रा में तरल पदार्थ दीजिये जिससे उसके शरीर में पानी की कमी न रहे। इस स्थिति में मरीज को नारियल पानी और जूस पिलाएं। वहीँ बुखार होने पर तुरंत चिकित्सक के पास जाएं। बुखार कम करने के लिए पेरासिटामॉल की गोली दी जा सकती है। मरीज को गलती से भी डिस्प्रीन और एस्प्रीन की गोली कभी ना दें।