दिल्ली से भी ज्यादा खत’रनाक हुई पटना की हवा, प्रदूषित शहरों की सूची में तीसरे नंबर पर पहुँचा

PATNA : दिल्ली के बाद अब बिहार में भी वायु प्रदूषण का ख’तरा बढ़ गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी वायु गुणवत्ता सूचकांक में पटना की स्थिति दिल्ली से भी ब’दतर है। पटना देश में सबसे अधिक वायु प्रदूषण वाले शहर कानपुर और लखनऊ के बाद तीसरा सर्वाधिक प्रदूषित शहर बन गया है।

बिहार में मुजफ्फरपुर और गया की हवा में भी प्रदूषण का स्‍तर चिंताजनक हो गया है। मुजफ्फरपुर में पीएम 2.5 स्तर 385 माइक्रोग्राम और गया में 325 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर रिकॉर्ड किया गया। पटना में पार्टिकुलेट मैटर (पीएम 2.5) का स्तर 414 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर रिकॉर्ड किया गया है।

बीते पांच दिनों की बात करें तो चार नवंबर को पटना में पीएम 2.5 का स्तर सर्वाधिक 428 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर रिकॉर्ड किया गया था। मंगलवार को पटना में पीएम 2.5 का स्‍तर दूसरी बार चार सौ के पार गया। पिछले दो दिनों से लगातार एयर क्वालिटी इंडेक्स 400 से अधिक है। 2-3 नवंबर को एयर क्वालिटी इंडेक्स ने रिकॉर्ड तोड़ा था। दो नवंबर की रात तक एक्यूआई का स्तर 428 था, जबकि 3 नवंबर की रात 8 बजे तक औसतन एक्यूआई स्तर 414 मापा गया था।

उल्लेखनीय है कि वायु प्रदूषण को रोकने के लिये मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार की अध्‍यक्षता में हुई बैठक में कई कड़े व बड़े फैसले लिए गए हैं। राज्‍य में 15 साल पुराने सभी सरकारी वाहनों के परिचालन पर रोक लगा दी गई है। साथ ही पटना में 15 साल पुराने व्‍यावसायिक वाहन नहीं चलेंगे। इससे पहले सरकार ने पुआल जलाने पर प्रतिबंध लगाते हुए ऐसा करने वाले किसानों को सरकारी लाभ नहीं देने का भी फैसला किया था।