वरिष्ठ RJD नेता शिवानंद तिवारी ने राजनीति से लिया सन्यास, कहा- शरीर से ज़्यादा मन में है थकान

PATNA : राजद को बड़ा झ’टका देते हुए उसके वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने अचानक राजनीति से सन्यास लेने का फैसला किया है। शिवानंद तिवारी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करके कहा कि मैं अब थकान अनुभव कर रहा हूं। शरीर से ज़्यादा मन की थकान है।

सन्यास लेने की घोषणा करते हुए उन्होंने कहा कि राजद की ओर से जिस भूमिका का निर्वहन अब तक मैं कर रहा था, उससे छुट्टी ले रहा हूं और मैंने पार्टी के राष्‍ट्रीय उपाध्‍यक्ष के पद से इस्‍तीफा भी दे दिया है। मैं राजनीतिक कार्यों को लेकर अब खुद को थका हुआ महसूस कर रहा हूं।

आपको बता दें कि शिवानंद तिवारी उन गिने-चुने राजनेताओं में से हैं, जिन्हें राजनीति विरासत में मिली है। वे समाजवादी नेता स्व. रामानंद तिवारी के पुत्र हैं। वो 1952 से राजनीति को देख रहे हैं। अब समय आ गया है कि अपने अनुभव को लिख दूं। तिवारी ने कहा कि मैं संस्मरण लिखना चाहता था, लेकिन वह भी नहीं कर पा रहा हूं इसलिए जो कर रहा हूं, उससे छुट्टी पाना चाहता हूं। अब मैं संस्मरण लिखने का प्रयास करूंगा।

बेबाक राजनीति करने के लिये प्रसिद्ध शिवानंद तिवारी ने राजद नेतृत्व की कार्यशैली पर कई बार सवाल उठाये। जबसे राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव जे’ल गए हैं, तब से पार्टी में उनका रुतबा कम हो गया था। अब लोगों का कहना है कि शिवांनद खुद की उपेक्षा से काफी लम्बे समय से दुखी थे। हालांकि वे अपना दुख खुलकर प्रकट नहीं कर पाय़े। जो मंगलवार को जारी उनके बयान ने उनकी पी’ड़ा को उजागर कर दिया है।