TET और STET पास अभ्यर्थी आगामी 32 हजार रिक्त पदों के लिए होंगे योग्य

PATNA : बिहार सरकार ने हाल ही में घोषणा किया है कि TET और STET पास हुए अभ्यर्थियों की वैधता अब ख़त्म नहीं होगी।
बता दें वर्ष 2011-2012 में आयोजित TET परीक्षा में उत्तीर्ण हुए अभ्यर्थियों की पात्रता सात सालों तक ही वैध थी। मतलब वे TET के प्रमाणपत्र पर सात सालों तक होने वाली शिक्षक नियुक्ति में भाग ले सकते थे।लेकिन यह वैधता 31 मई को खत्म हो रही थी।

TET और STET पास अभ्यर्थियों का धरना प्रदर्शन

सरकार के इस फैसले से लाखों अभ्यर्थी आगामी शिक्षक बहाली में शामिल हो सकते हैं |
बता दे सुप्रीम कोर्ट ( SC ) में 3.5 लाख शिक्षकों को समान काम के लिए समान वेतन के मामले में केस लंबित होने के कारण ,नियुक्ति प्रक्रिया पर भी रोक लगी थी| पिछले हफ्तों में सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षकों की इस अर्जी को रद्द कर दिया हैं | सुप्रीम कोर्ट ( SC)का फैसला आते ही शिक्षको की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने की आशा थी|

हाई स्कूलों में 32 हजार खाली पदों पर बहाल होंगे नियोजित शिक्षक

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के अध्यक्षता में पटना के संवाद भवन में शिक्षा विभाग हुई बैठक में जानकारी दिया गया, इस महीने में शिक्षक बहाली का कैलेंडर लागू किया जाएगा| मीडिया को दी गयी जानकारी के अनुसार राज्य में हाई स्कूलों में 32 हजार पद खाली पड़े हैं| इन पदों पर नियोजित शिक्षक बहाल होंगे जो 60 साल तक काम करेंगे| सरकार ने कम्प्यूटर शिक्षकों की बहाली की बात भी कही हैं |

बजट (BUDGET) / पहली बार शिक्षा के लिए इतना बड़ा आवंटन

बिहार सरकार ने वर्ष 2019-20 बजट में सबसे ज्यादा 20309.03 करोड़ रुपए शिक्षा ( EDUCATION ) के लिए आवंटित किया हैं। यह वार्षिक योजना मद की कुल राशि का 20.31 प्रतिशत है। जिसके तहत छात्रों को क्रेडिट कार्ड योजना ( STUDENT CREDIT CARD) के तहत 833.40 करोड़ रुपए, मुख्यमंत्री कन्या उत्थान के तहत बारहवीं में उत्तीर्ण लगभग 2.5 लाख अविवाहित छात्राओं के लिए 249.86 करोड़ और साइकिल वितरण योजना पर लगभग 2.93 करोड़ खर्च किए जाएंगे।

शिक्षा में सुधार के लिए उप राष्ट्रपति बिहार को कर चुके हैं सम्मानित

बता दें पिछले वर्ष उपराष्ट्रपति वैंकया नायडू ने बिहार को शिक्षा ( EDUCATION ) में हो रहे सुधारों के लिए सम्मानित किया था |