सांसद रामप्रीत मंडल पहुंचे बाढ़ पीड़ितों से मिलने, बचाव कार्य न मिलने पर लोगों ने सांसद को घेरा

PATNA: बिहार में हर साल की तरह इस बार भी बाढ़ कहर बनकर आई है। राज्य में अबतक बाढ़ के चलते 20 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। वहीँ बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सरकार के बचाव कार्यों से भी लोग नाखुश नजर आ रहे हैं। रविवार को झंझारपुर सांसद रामप्रीत मंडल नरुआर गांव में बाढ़ पीड़ितों से मिलने पहुंचे जहाँ उन्हें लोगों के गुस्से का शिकार होना पड़ा।

सांसद रामप्रीत मंडल को नरुआर गांव में लोगों ने बचाव कार्य न मिलने पर घेर लिया। जब सासंद रामप्रीत लोगों से हाल चाल जानने के बाद वापस लौटने लगे तो लोगों का उनपर गुस्सा फूट पड़ा। स्थिति ऐसी बन गई कि लोग सांसद पर हमला करने को उतारू हो गये।

बता दें इस क्षेत्र में कमला बलान नदी के बांध टूटने की सूचना पर लोगों का हाल जानने के लिए संसद रामप्रीत मंडल पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने लोगों को बचाने के लिए किसी तरह की कोई रेस्कयू ऑपरेशन चलाने का कोई आश्वासन नहीं दिया. इस पर लोग आक्रोशित हो गए और सांसद महोदय को घेर लिया। लोग ने सांसद से रेस्क्यू ऑपरेशन को जल्द शुरू करने की बात कही।

बिहार के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की बात की जाए तो उनमें सुपौल, किशनगंज, दरभंगा, अररिया, शिवहर, पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी,मधुबनी जिला शामिल हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में बाढ़ लोगों पर कहर बनकर आई है। बाढ़ के चलते लोगों को अपने घरों को छोड़ना पड़ रहा है। नेपाल की सीमा से लगे सीमावर्ती क्षेत्रों में हो रही लगातार बारिश से नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर हो गया है। राज्य में बाढ़ से अब तक 29 लोगों की मौ’त हो चुकी है।

बाढ़ को लेकर सीएम नीतीश भी आए एक्शन में :

बता दें बिहार में बाढ़ की आशंका को देखते हुए नीतीश सरकार एक्शन मोड में आ गई है। इसके लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पदाधिकारियों को कड़े निर्देश भी जारी कर दिए हैं। वहीँ राजनीति दलों ने बाढ़ पर भी राजनीति शुरू कर दी है। आरजेडी विधायक भाई वीरेंद्र ने नीतीश सरकार पर हमला बोला है।